चैतन्य चमत्कारी मूल नायक की मूर्ति विराजमान होगी बंगला मंदिर में
बंगला मंदिर में पांच दिवसीय श्री समवशरण विधान का आयोजन

बेदी प्रतिष्ठा कर मूलनायक भगवान विराजमान करेगी हुकुमचंद लाइम स्टोन कंपनी
कटनी. चैतन्य चमत्कारी मूल नायक 1008 भगवान श्री चन्द्रप्रभ जी की मूर्ति बंगला मन्दिर में विराजमान होंगी। बाहुबली कॉलोनी में विराजमान श्री 108 मुनि पद्मसागर जी महाराज के सान्निध्य में पांच दिवसीय श्री समवशरण विधान आयोजित किया जा रहा है।
*कार्यक्रम की मुख्य बातें*
– भक्तों की भीड़ उमड़ रही है और जैन धर्मावलम्बियों के अलावा शहर के जैनेत्तर बंधु भी इस कार्यक्रम को देखने और दर्शनार्थ उपस्थित हो रहे हैं।
– बाहर से पधारे प्रतिष्ठाचार्य बाल ब्रम्हचारी नरेश भैया जी और यंत्र वादकों ने भक्तों के मन को मोह रखा है।
– प्रातःकालीन नित्य अभिषेक पूजन के पश्चात मुनिश्री के प्रवचनों का लाभ सभी को प्राप्त होता है।
*नवीन भव्य बेदी का निर्माण*
– हुकुमचंद लाइम स्टोन कंपनी ने मंदिर में एक नवीन भव्य बेदी का निर्माण करवाकर उसमें मूलनायक भगवान चंद्र प्रभ जी की प्रतिमा विराजमान करने का संकल्प मुनि श्री जी के समक्ष लिया गया।
*विधान में कुबेर बने दम्पत्ति*
– 27 नवम्बर दिन गुरुवार की शाम को विधान में कुबेर बने दम्पत्ति श्री नवीन कुमार नेहा जैन विमल किराना परिवार और माहेन्द्र बने सनिल / सुरुचि जैन को भव्य महाआरती अपने घर से मंदिर जी लेकर जाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
*आयोजन की व्यवस्थाएं*
– श्री चन्द्रप्रभ दिगम्बर जैन बंगला मंदिर कमेटी और आयोजनकर्ताओं ने समस्त भक्तों से इन आयोजनों में शामिल होकर धर्मलाभ लेने का आग्रह किया है।




