जनभावना सर्वोपरि’: चौपाटी बवाल पर आबकारी अधिकारी विभा मरकाम का बयान- विरोध हुआ तो शराब दुकान का तबादला पक्का
इंद्र मिश्रा की शिकायत का असर: विभा मरकाम ने कहा- जनता चाहे तो अस्पताल पास से हटेगी शराब दुकान

विरोध के आगे झुका आबकारी विभाग: DSO बोलीं- चौपाटी-अस्पताल पास शराब दुकान का होगा तबादला
*कटनी।* चौपाटी मार्ग और जिला अस्पताल के पास खुली शराब दुकान पर मचे बवाल के बाद आबकारी विभाग बैकफुट पर आ गया है। जिला आबकारी अधिकारी विभा मरकाम ने साफ किया है कि अगर उक्त स्थान पर जनता का विरोध है तो शराब दुकान को अन्यत्र स्थानांतरित किया जाएगा।
*समाजसेवी की शिकायत के बाद आया बयान*
2 मई को समाजसेवी इंद्र मिश्रा ने थाना कोतवाली में आवेदन देकर चौपाटी-अस्पताल के पास शराब दुकान का विरोध किया था। पत्र में कहा गया था कि भीड़भाड़ वाले इलाके और अस्पताल के पास दुकान खुलने से महिलाओं, बच्चों, मरीजों की सुरक्षा को खतरा है। असामाजिक तत्वों का जमावड़ा बढ़ेगा। जिम्मेदारी जिला प्रशासन और आबकारी विभाग की होगी।
विरोध के बाद DSO विभा मरकाम ने कहा- _”शासन की मंशा जनभावना के अनुरूप काम करने की है। यदि चौपाटी मार्ग स्थित शराब दुकान को लेकर स्थानीय लोगों में विरोध है तो नियमानुसार दुकान को अन्यत्र शिफ्ट करने की कार्रवाई की जाएगी। किसी भी सूरत में आमजन की सुरक्षा से समझौता नहीं होगा।”_
*क्या है नियम?*
आबकारी नीति के तहत स्कूल, अस्पताल, ट्रस्टी धार्मिक स्थल से 100 मीटर के दायरे में शराब दुकान नहीं खोली जा सकती। जिला अस्पताल पास होने से यह दुकान पहले से ही सवालों में थी।
*अब क्या होगा?*
1. आबकारी विभाग जल्द ही वैकल्पिक स्थान की तलाश करेगा।
2. कलेक्टर को भेजी जाएगी शिफ्टिंग की फाइल।
3. तब तक दुकान पर पुलिस निगरानी बढ़ाने की मांग।
समाजसेवी इंद्र मिश्रा ने कहा कि DSO का बयान स्वागत योग्य है, लेकिन सिर्फ बयान नहीं, 7 दिन में दुकान हटनी चाहिए। वरना आंदोलन होगा।
अब देखना है कि DSO विभा मरकाम का ‘स्थानांतरण का वादा’ कितने दिन में जमीन पर उतरता है या फिर बयान सिर्फ विरोध ठंडा करने की कवायद साबित होता है।




